Students के लिए Good News, जल्द शुरू होगा Leh में पहला Medical College

Edited By Sunita sarangal, Updated: 21 Oct, 2026 12:30 PM

first medical college starts soon in leh

लेह में सरकारी मैडिकल कॉलेज खुलने से चिकित्सा शिक्षा पाने के इच्छुक छात्रों के लिए अवसर बढ़ेंगे...

लेह/जम्मू(उदय): उप-राज्यपाल विनय कुमार सक्सेना की पहल के बाद भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने लेह में लद्दाख के पहले सरकारी मैडिकल कॉलेज को शैक्षणिक वर्ष 2027-28 से शुरू करने की मंजूरी दे दी है। इस मंजूरी से शैक्षणिक आवश्यकताओं के अनुसार 103 स्वीकृत नियमित पदों पर चरणबद्ध तरीके से भर्ती प्रक्रिया शुरू करने का रास्ता साफ हो गया है। यह कदम लद्दाख के लोगों की उस पुरानी इच्छा को पूरा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है जिसके तहत वे अपने केंद्र शासित प्रदेश में ही गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा प्राप्त करना चाहते थे।

लेह में सरकारी मैडिकल कॉलेज खुलने से चिकित्सा शिक्षा पाने के इच्छुक छात्रों के लिए अवसर बढ़ेंगे, क्लीनिकल प्रशिक्षण सुविधाएं मजबूत होंगी और लद्दाख में स्वास्थ्य सेवाओं के दीर्घकालिक विकास में योगदान मिलेगा। 13 जुलाई 2026 को उपराज्यपाल ने केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जे.पी नड्डा को पत्र लिखकर एक विशेष छूट मांगी थी।

उन्होंने मैडिकल कॉलेज के लिए फैकल्टी और सपोर्ट स्टाफ की भर्ती शुरू करने से पहलेए बुनियादी ढांचे (इंफ्रास्ट्रक्चर) का लगभग 80 प्रतिशत काम पूरा होने की शर्त में ढील देने का अनुरोध किया था। इस पहल का उद्देश्य यह था कि शैक्षणिक गतिविधियों के प्रस्तावित शुभारंभ से पहले ही भर्ती प्रक्रिया शुरू की जा सके जबकि कॉलेज के लिए बुनियादी ढांचे का निर्माण कार्य भी साथ.साथ चलता रहे।

उप-राज्यपाल के अनुरोध और मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने इस मांग को स्वीकार कर लिया है। मंत्रालय ने सुझाव दिया है कि 103 पदों पर भर्ती शैक्षणिक वर्ष 2027-28 से चरणबद्ध तरीके से की जाएगी जो केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन द्वारा तय की गई शैक्षणिक आवश्यकताओं पर आधारित होगी।

सक्सेना ने कहा कि वह लद्दाख में स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा को मजबूत करने के लिए लगातार समर्थन देने के लिए माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी नड्डा का आभारी रहेंगे। फिलहाल, दो नई बनी इमारतों को ‘एकेडमिक ब्लॉक’ और ‘छात्र छात्रावास’ (स्टूडेंट्स हॉस्टल) के रूप में इस्तेमाल करने के लिए चुना गया है। यहां पहले से मौजूद 200 बिस्तरों वाला एस.एन.एच अस्पताल है, जहां लगभग 60 अनुभवी डॉक्टर काम करते हैं। यह अस्पताल एम.बी.बी.एस. छात्रों के पहले बैच को जरूरी क्लिनिकल प्रशिक्षण प्रदान कर सकता है।

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